Monday, September 28, 2009

चाइल्ड इंश्योरेंस : बारीकियां जानें



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'बचपन में हमेशा एक पल ऐसा आता है, जब दरवाजा खुलता है और भविष्य भीतर दाखिल होता है'
आध्यात्मिक गुरु दीपक चोपड़ा के इन विचारों से हर माता-पिता सहमत होंगे। ऐसे में अभिभावकों के लिए बच्चे की वित्तीय जरूरतों के लिए एडवांस में योजना बनाना जरूरी हो जाता है। ज्यादातर जीवन बीमा कंपनियां अपने उत्पादों के गुलदस्ते में चिल्ड्रन प्लान भी रखती हैं। इस सप्ताह हम आपको बाजार में उपलब्ध चिल्ड्रन प्लान की जानकारी दे रहे हैं। हमने ऐसी रणनीति भी तैयार की है, जो बच्चे के भविष्य से समझौता किए बगैर ज्यादा रिटर्न मुहैया कराती है।
इस दौड़ में आगे रहने के लिए आपको बच्चे की भावी शिक्षा पर पर्याप्त खर्च करना होता है, जो हमारे वक्त की तुलना में काफी ज्यादा महंगी होगी। इसके अलावा जिन मौकों पर जेब से मोटी रकम खर्च हो सकती है, उसमें बच्चों के बड़े होने पर उनकी शादी-ब्याह और उद्यमिता से जुड़े उपक्रम शामिल हैं।

इसका ख्याल रखने के लिए बच्चे की उम्र कम होने के वक्त से ही निवेश की शुरुआत जरूरी हो जाती है। चाइल्ड इंश्योरेंस प्लान के मामले में अभिभावक पॉलिसी लेने वाले होते हैं और उसका बेनेफिट बच्चे को मिलता है। अगर टर्म के दौरान माता-पिता की मृत्यु हो जाती है तो बीमा राशि बच्चे को मिल जाती है। यह अवधि 10 से 25 साल के बीच हो सकती है। अगर ऐसा नहीं होता तो ये प्लान बीमित राशि समेत एकमुश्त रकम देते हैं और नियमित अंतराल पर बोनस भी मिल सकता है।
प्रीमियम और रिटर्न का आकलन करते वक्त हमने कुछ अनुमान लगाए हैं। पहला, बीमा पॉलिसी खरीदने वाला व्यक्ति 30 साल का है, जबकि उसका बच्चा एक साल का। बीमित राशि 10 लाख रुपए है। हमने बोनस की दर 5 फीसदी मानी है, जो विभिन्न स्कीमों में दी जाने वाली 3-4 फीसदी की तुलना में ज्यादा है। यह निवेश बाजार में उठापटक के दौरान बोनस की दर में अचानक आने वाले बदलाव का ख्याल रखेगा।
हमने वैकल्पिक बीमा-निवेश रणनीति भी तैयार की। इसके लिए 30 साल के पिता 10 लाख रुपए की बीमित राशि के लिए 25 साल का साधारण टर्म बीमा लेगा, जिसके लिए वह सालाना प्रीमियम के तौर पर 3,821 रुपए की अदायगी करेगा। इससे किसी भी आकस्मिक घटना से बच्चे का भविष्य बचाया जा सकेगा। इसके बाद बच्चे के नाम पर ही पिता एक प्रॉविडेंट फंड खोलेगा और 20 साल के लिए 68,000 रुपए निवेश करना शुरू करेगा। जब बच्चा 21 साल का होगा, उसके पास पीपीएफ खाते से 34.3 लाख रुपए होंगे। टर्म इंश्योरेंस चार और साल तक जारी रहेगा, जब तक वह कमाने नहीं लगता।
बच्चे की बीमा का बुनियादी लक्ष्य पूरा करने के अलावा वैकल्पिक रणनीति बीमा के खर्च को शामिल करने के बाद 7.5 फीसदी रिटर्न कमाने से जुड़ी है। हर माता-पिता चाहते हैं कि बच्चे की प्रगति के लिए जरूरी तमाम संसाधन मुहैया कराएं जाएं। हालांकि, सही निवेश-बीमा रणनीति तैयार करना काफी जरूरी हो जाता है, केवल तभी कम कीमत पर आप बच्चों को मोटी आर्थिक मदद मुहैया करा सकते हैं। हममें से आलसी लोग बीमा कंपनियों की ओर से मुहैया कराने जाने वाली रेडीमेड सॉल्यूशन अपना सकते हैं, वहीं चतुर अभिभावक बाजार में उपलब्ध दूसरे विकल्पों का फायदा उठाते हैं।


1 comment:

  1. ज्ञानवर्धक आलेख । आभार
    स्वागत है आपका ।

    गुलमोहर का फूल

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